17.3 C
Jharkhand
Monday, January 19, 2026

Somnath Swabhiman Parv: पीएम मोदी बोले—कट्टरपंथी आतातायी इतिहास में सिमट गए

सोमनाथ आज भी शान से खड़ा है

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को ‘सोमनाथ (Somnath) स्वाभिमान पर्व’ के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भारत की सांस्कृतिक विरासत, आत्मसम्मान और ऐतिहासिक निरंतरता पर जोर दिया। अपने संबोधन में पीएम मोदी ने कहा कि समय का चक्र गवाह है—कट्टरपंथी आतातायी इतिहास के पन्नों में सिमट गए, लेकिन सोमनाथ मंदिर आज भी उतनी ही शान और गौरव के साथ खड़ा है। यह भारत की आस्था, संस्कृति और आत्मबल की जीत का प्रतीक है।

सोमनाथ: आस्था और स्वाभिमान का प्रतीक

प्रधानमंत्री ने कहा कि सोमनाथ मंदिर (Somnath Mandir) केवल एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि भारत की सभ्यता, संस्कृति और स्वाभिमान का जीवंत प्रतीक है। इतिहास में कई बार इसे नष्ट करने के प्रयास हुए, लेकिन हर बार यह और अधिक मजबूती के साथ खड़ा हुआ।
पीएम मोदी ने कहा कि जिन्होंने भारत की आस्था को तोड़ने की कोशिश की, वे आज इतिहास बन चुके हैं, जबकि सोमनाथ आज भी आने वाली पीढ़ियों को साहस और आत्मसम्मान का संदेश देता है।

सरदार पटेल का संकल्प और संघर्ष

प्रधानमंत्री मोदी ने आजादी के बाद सरदार वल्लभभाई पटेल की भूमिका को विशेष रूप से याद किया। उन्होंने कहा कि जब देश आजाद हुआ, तब सरदार पटेल ने सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण का संकल्प लिया।
हालांकि, उस समय उनके रास्ते में कई तरह की बाधाएं और विरोध खड़े किए गए। फिर भी सरदार पटेल अपने संकल्प पर अडिग रहे और सोमनाथ के पुनर्निर्माण को राष्ट्रीय स्वाभिमान से जोड़कर देखा।

आज का भारत: विरासत और विकास साथ-साथ

पीएम मोदी ने कहा कि आज का भारत अपनी विरासत पर गर्व करता है और साथ ही विकास के पथ पर तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि बीते वर्षों में देश ने अपनी सांस्कृतिक पहचान को फिर से मजबूती दी है—चाहे वह मंदिरों का पुनरुद्धार हो या ऐतिहासिक स्थलों का संरक्षण।
सोमनाथ मंदिर इसका सबसे बड़ा उदाहरण है कि कैसे आस्था और आधुनिकता एक साथ आगे बढ़ सकती हैं।

इतिहास से सीख, भविष्य की ओर कदम

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में यह भी कहा कि भारत को अपने इतिहास से सीख लेकर भविष्य की ओर बढ़ना चाहिए। उन्होंने कहा कि जो शक्तियां कभी भारत की संस्कृति को मिटाने आई थीं, वे टिक नहीं सकीं, क्योंकि भारत की आत्मा अजर-अमर है
सोमनाथ मंदिर की तरह भारत की सभ्यता भी समय की हर परीक्षा में खरी उतरी है।

ALSO READ: Train Update: होली से 2 महीने पहले ही ‘हाउसफुल’ हुई रांची की ट्रेनें; दिल्ली-मुंबई रूट पर वेटिंग 100 के पार

संदेश साफ: आस्था अडिग, आत्मसम्मान अटूट

पीएम मोदी का संदेश स्पष्ट था कि भारत की आस्था और आत्मसम्मान अटूट हैंसोमनाथ मंदिर केवल अतीत की कहानी नहीं, बल्कि वर्तमान और भविष्य के भारत की प्रेरणा है।
‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ के माध्यम से प्रधानमंत्री ने देशवासियों को यह याद दिलाया कि जब राष्ट्र अपनी जड़ों से जुड़ा रहता है, तो कोई भी ताकत उसे कमजोर नहीं कर सकती।

Must Read

- Advertisement -

Trending

Jharkhand News: पिस्का मोड़ फायरिंग का मास्टरमाइंड संजय पांडेय...

Jharkhand News: रांची के पिस्कामोड़ स्थित तेल मिल गली के पास शनिवार देर रात हुई गोलीबारी की घटना में पुलिस ने तेज कार्रवाई करते...

Jharkhand News: ठंड के कारण स्कूल टाइमिंग में बदलाव,...

Jharkhand News: रांची में लगातार बढ़ रही ठंड और शीतलहर को देखते हुए जिला प्रशासन ने स्कूली बच्चों के लिए राहत भरा फैसला लिया...

Big Breaking: 61 दिनों का इंतजार खत्म, ओरमांझी से...

Big Breaking: बड़ी खबर निकलकर सामने आ रही है। रांची के ओरमांझी से लापता 12 वर्षीय कन्हैया को आखिरकार सकुशल बरामद कर लिया गया...

Bihar News: शंभू हॉस्टल के कमरे में मिलीं अहम...

Bihar News: पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में NEET की तैयारी कर रही छात्रा की संदिग्ध मौत मामले में जांच ने नया मोड़ ले...

Jharkhand News: घर के कमरे में मिली मां-बेटी की...

Jharkhand News: मुफस्सिल थाना क्षेत्र के गादी श्रीरामपुर से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां 36 वर्षीय पुतुल देवी और उनकी 16 वर्षीय...

Popular